अपने आप को मोटीवेट कैसे करे Self Motivation in Hindi

निराशा से निकलने और खुद को motivate करने के तरीके



जिंदगी में कभी कभी कुछ ऐसे मौके आते हैं जहाँ पर हम अपनी योग्यता के ऊपर शक करने लगते हैं, हमें सेल्फ डाउट होने लगता है कि हम इस काम को कर पाएंगे या नही कर पाएंगे. हमारा अपने ऊपर से ही विश्वास उठने लगता है, हमारे मन में एक डर रहता है कि ये काम अब मुझसे नही होगा, मेरे बस की नही है इस काम को उसके अंजाम तक पहुँचाना. बावजूद इसके हम ये जानते हैं कि ये काम हमारे लिए कितना ज्यादा जरुरी है, कि हमें ये करना ही करना है, फिर भी हमें अपने ऊपर डाउट रहता है कि पता नही मैं इस काम को कर पाउँगा या नही कर पाउँगा, अपने लक्ष्य को हासिल कर पाउँगा या फिर नही कर पाउँगा.
हम लोग न जाने किन-किन बातों से डरते रहते हैं. लेकिन ये कोई सोल्युशन नही हुआ, हमें अपना लक्ष्य तो हासिल करना ही है. तो उस समय हम क्या करें, हमारे ऊपर जो सेल्फ डाउट होता है, हमारा खुद का बनाया हुआ, तो उससे निकलने के लिए हम क्या करें.
आइये बताते हैं कुछ ऐसे तरीके जिन्हें अपनाकर के आप इस तरह के डाउट से दूर निकल सकते हैं, आप खुद को सेल्फ मोटिवेट कर सकते हैं.


एक बात ध्यान रखें कि कोई भी दूसरा व्यक्ति आपको मोटिवेट नही कर सकता, जब तक आप खुद को मोटिवेट नही करेंगे तब तक कोई आपको मोटिवेट नही कर सकता, मोटिवेट की जो फीलिंग होती है वो खुद के अंदर से आती है कि मुझे ये काम करना है, हाँ मैं ये काम कर सकता हूँ, मेरे अंदर इतनी योग्यता है इतनी क्षमता है कि मैं कोई भी निर्धारित लक्ष्य को हासिल कर सकता हूँ, मेरे अंदर वो सारी योग्यता है, वो सारी नॉलेज जिसके बल पर मैं अपने लक्ष्य को हासिल कर सकता हूँ.
जब भी आप सेल्फ डाउट की कंडीशन में हों, निगेटिविटी से भरे हुए हों, आपको समझ नही आ रहा कि अब आगे मैं क्या करूँ, तो ऐसी कंडीशन में आप एकांत में चले जाइये, दो मिनट के लिए आप शांति से बैठ जाइये और अगर आपके पास में कोई मिरर है तो उसके सामने जाकर के खड़े हो जाइये और अपने आपसे ये कहिये कि इस अभ्यान को चलाना मेरा ही उत्तरदायित्व है, इस कार्य को सम्पन्न करके मुझे अपनी वीरता सिद्ध करनी है, यदि मैं ऐसा न कर पाया तो दुनियाँ मुझे कायर कहेगी, डरपोक समझेगी, और मैं ऐसा बिल्कुल भी बर्दाश्त नही कर सकताजिस समय आप ये बात मन में सोचेंगे तब उसी समय आप खुद को सेल्फ मोटिवेट फील करने लगेंगे, आपको लगेगा कि हाँ मेरे अंदर एक आग जलने लगी है, मुझे अपने लक्ष्य को हासिल करना ही करना है चाहें कुछ भी हो जाये, मैं किसी की कुछ भी नही सुनुँगा, जितने भी लोग निगेटिव बोलते हैं मेरे बारे में मैं उनकी बिल्कुल भी परवाह नही करूँगा और अपने लक्ष्य को हासिल करके ही रहूँगा।